- मित्र ! सनातन धर्म जिसकी आप चर्चा कर रहे हैं वही इस्लाम है जिसके मानने वाले आज केवल मुसलमान हैं। इस धर्म में मूर्तिपूजा वर्जित है, इस धर्म में कल्कि अवतार की प्रतीक्षा हो रही है। और यह सब इस्लाम का गुण है क्योंकि अन्तिम संदेष्टा मुहम्मद ही कल्की अवतार हैं। आपलोग कहाँ भटक रहे हैं ? ज़रूरत है कि सत्य की खोज करके अपने वास्तविक धर्म का पालन करें। इस्लाम आपका धर्म है आपके पैदा करने वाले का उतारा हुआ नियम है।
- तो बोलो सनातन धर्म की जय
- कली बेंच देगें चमन बेंच देगें, धरा बेंच देगें गगन बेंच देगें, कलम के पुजारी अगर सो गये तो ये धन के पुजारी वतन बेंच देगें। हिंदी चिट्ठाकारी की सरस और रहस्यमई दुनिया में प्रोफेशन से मिशन की ओर बढ़ता "जनोक्ति परिवार "आपके इस सुन्दर चिट्ठे का स्वागत करता है . . चिट्ठे की सार्थकता को बनाये रखें . नीचे लिंक दिए गये हैं . http://www.janokti.com/ ,
- very good
- Swagat hai!
- इस नए चिट्ठे के साथ हिन्दी चिट्ठा जगत में आपका स्वागत है .. नियमित लेखन के लिए शुभकामनाएं !!
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सोमवार, 15 मार्च 2010
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